राजधानी लखनऊ में रविवार को मौनी अमावस्या के दिन सुबह सुबह कोहरे की बारिश रही। दृश्यता लगभग शून्य रही। सड़कों पर वाहन रेंगते रहे। घने कोहरे से तापमान में गिरावट रही। ठंड ने लोगों को कंपाया। 20 जनवरी से कोहरे में कमी आने का पूर्वानुमान है।
बतातें चलें कि प्रदेश में मौसम में उतार-चढ़ाव का क्रम जारी है। इससे पहले शनिवार की सुबह भी ज्यादातर क्षेत्रों में घने कोहरे का असर रहा। लेकिन, धूप निकलने के साथ ही मौसम खुशगवार होता गया। शाम से एक बार फिर ठंड का असर बढ़ने लगा।
22 जनवरी से बारिश की संभावना
मौसम विभाग के अनुसार, रविवार को सुबह घने कोहरे का अलर्ट रहा, जो दिखाई भी दिया। साथ ही न्यूनतम तापमान में बढ़ोतरी के भी आसार हैं। दूसरे पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से पश्चिमी यूपी में 22 जनवरी से बारिश की संभावना व्यक्त की जा रही है।
20 जनवरी से कोहरे के असर में कमी के आसार हैं। शनिवार को बाराबंकी सबसे ठंडा जिला रहा जहां न्यूनतम तापमान 3.5 डिग्री दर्ज किया गया। दूसरे नंबर पर हरदोई में 3.6 डिग्री न्यूनतम तापमान रहा। राजधानी लखनऊ में सीजन का सबसे कम न्यूनतम तापमान 4.4 डिग्री रहा।
…शीतलहर समाप्त होती दिखी
आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से पिछले कुछ दिनों से रात के तापमान में हो रही गिरावट थमने के साथ ही इसमें आंशिक बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। इसके परिणामस्वरूप पश्चिमी उत्तर प्रदेश में पिछले कुछ दिनों से रात में जारी शीतलहर समाप्त होती नजर आई।
इसी क्रम में 4.4 डिग्री तापमान के साथ इस सीजन में शुक्रवार को लखनऊ की सबसे ठंडी रात रही। हालांकि पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से प्रदेश के न्यूनतम तापमान में अगले 48 घंटों के दौरान न्यूनतम तापमान में 3-5 डिग्री की संभावित क्रमिक वृद्धि के आसार हैं।
वहीं दूसरे पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से 22 जनवरी से पश्चिमी उत्तर प्रदेश में वर्षा का दौर शुरू होने की भी संभावना है। इस बारिश के 23 जनवरी को प्रदेश के संलग्न मध्यवर्ती भागों तक पहुंचने की संभावना के दृष्टिगत 20 जनवरी से प्रदेश में पड़ रही ठंड में व्यापक सुधार की संभावना है।
