एमएसएमई, कौशल विकास और रोजगार को नई दिशा देता केंद्रीय बजट
छोटे शहरों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने की ऐतिहासिक पहल
तकनीक, एआई और नवाचार से भारत को वैश्विक नेतृत्व की ओर अग्रसर करता बजट
लखनऊ। प्रदेश के व्यावसायिक शिक्षा, कौशल विकास और उद्यमशीलता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कपिल देव अग्रवाल ने कहा कि आज का दिन अत्यंत प्रसन्नता का है, जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत के संकल्प को सशक्त आधार प्रदान करते हुए केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लोकसभा में अपना नौवां बजट प्रस्तुत किया है। यह बजट सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास की भावना के अनुरूप भारत को एक विकसित राष्ट्र बनाने की दिशा में मील का पत्थर सिद्ध होगा।
मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने कहा कि यह बजट भारत को विश्व की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनाने, निर्यात के क्षेत्र में देश को वैश्विक स्तर पर अग्रणी बनाने तथा युवाओं, किसानों, श्रमिकों और उद्यमियों को आत्मनिर्भर बनाने की ठोस रूपरेखा प्रस्तुत करता है। बजट में युवाओं को रोजगार, किसानों को सम्मान और उद्योगों विशेषकर एमएसएमई क्षेत्र को मजबूती देने के लिए 10 हजार करोड़ रुपये के प्रावधान किए गए हैं, जिससे देश की औद्योगिक क्षमता को नई गति मिलेगी।
उन्होंने कहा कि 5 लाख तक की आबादी वाले शहरों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने की घोषणा अत्यंत सराहनीय है, जिससे उत्तर प्रदेश के अनेक शहरों सहित मुजफ्फरनगर को भी सीधा लाभ मिलेगा। घरेलू उपयोग की आवश्यक वस्तुओं को सस्ता करने, कृषि क्षेत्र को प्रोत्साहित करने तथा युवाओं और किसानों के लिए नई योजनाएं प्रस्तुत करने का कार्य वित्त मंत्री द्वारा किया गया है, जिसके लिए वे उन्हें बधाई और शुभकामनाएं देते हैं।
कपिल देव अग्रवाल ने कहा कि यह बजट “युवा शक्ति-संचालित बजट” के रूप में उभरकर सामने आया है, जो विकसित भारत युवा नेता संवाद 2026 से प्राप्त विचारों से प्रेरित है। इसमें युवाओं की आकांक्षाओं, कौशल विकास और क्षमता निर्माण को केंद्र में रखा गया है। शिक्षा से रोजगार और उद्यम तक की यात्रा को सुदृढ़ करने के लिए एक उच्च-शक्ति स्थायी समिति के गठन का प्रस्ताव किया गया है, जो सेवा क्षेत्र को विकसित भारत का मुख्य चालक बनाने की दिशा में कार्य करेगी।
उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य, पशुपालन, डिजाइन, शिक्षा, पर्यटन और खेल जैसे क्षेत्रों में पेशेवर मानव संसाधन के निर्माण पर विशेष बल दिया गया है। संबद्ध स्वास्थ्य पेशेवरों और देखभालकर्ताओं के प्रशिक्षण, पशु चिकित्सा अवसंरचना के विस्तार, एनीमेशन, विजुअल इफेक्ट्स, गेमिंग और कॉमिक्स जैसे उभरते क्षेत्रों में अवसर सृजन तथा खेलो इंडिया मिशन के माध्यम से खेल प्रतिभाओं को प्रोत्साहन देने का स्पष्ट रोडमैप इस बजट में दिखाई देता है।
मंत्री अग्रवाल ने कहा कि किसानों की आय बढ़ाने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त करने के लिए पशुपालन, उच्च मूल्य कृषि, भारत-विस्टार जैसी एआई आधारित पहल तथा महिला नेतृत्व वाले उद्यमों को बढ़ावा देने के लिए SHE-मार्ट्स की स्थापना अत्यंत महत्वपूर्ण कदम हैं। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार, उद्यमिता और आत्मनिर्भरता को बल मिलेगा।
उन्होंने कहा कि दिव्यांगजनों के सशक्तीकरण के लिए कौशल आधारित योजनाएं और सहायक उपकरणों के निर्माण को बढ़ावा देने हेतु एएलआईएमसीओ को सशक्त किया जाना समावेशी विकास की दिशा में सरकार की संवेदनशील सोच को दर्शाता है। इसके साथ ही आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, क्वांटम तकनीक और अनुसंधान व नवाचार को प्रोत्साहित करने वाले मिशन भारत को तकनीकी रूप से अग्रणी बनाने में सहायक सिद्ध होंगे।
मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने कहा कि यह बजट केवल आंकड़ों का दस्तावेज नहीं, बल्कि भारत को 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाने का सशक्त विजन है। उन्होंने अंत में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण को इस जनहितकारी बजट के लिए हार्दिक बधाई देते हुए कहा कि यह बजट भारत की प्रगति, समृद्धि और आत्मनिर्भरता की नई कहानी लिखेगा।
