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यूपी: करोड़ों के बिजली बिल घोटाले में एक्सईएन समेत नौ निलंबित

मध्यांचल विद्युत वितरण निगम के सुल्तानपुर में जयपुर सिंह खंड में बिजली बिलों में बड़ा घोटाला उजागर हुआ है। मामले में वहां के तत्कालीन एक्सईएन समेत नौ लोगों को निलंबित किया गया है। इनमें दो एसडीओ, चार जेई व दो बाबू भी शामिल हैं।सीएम योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर जांच में सभी को दोषी पाए जाने पर यह कार्रवाई हुई है। निगम के प्रबंध निदेशक भवानी सिंह खंगारौत के मुताबिक किसान यूनियन के द्वारा मुख्यमंत्री से इस मामले की शिकायत की गई थी। इस पर पावर कॉर्पाेरेशन ने 12 जुलाई, 2023 दो सदस्यीय कमेटी से रेंडम जांच कराई थी। जांच में आरोप सही पाए गए। इसमें एक अन्य बाबू का नाम भी है पर उसका निधन हो चुका है।आरोपियों ने कॉर्पाेरेशन को कितने की चपत लगाई इसका पता लगाने के लिए स्पेशल ऑडिट कराया जाएगा।

कनेक्शन पर फर्जी मीटर लगा वसूली का खेल
जांच रिपोर्ट में पता चला है कि क्षेत्र में बिजली कनेक्शन पर फर्जी तरीके से मीटर लगवा दिए। वहीं, अनमीटर्ड से मीटर्ड किये गये संयोजन पर एजेंसी द्वारा मीटर नहीं लगाए गये। बिना सत्यापन ये फर्जी मीटर कनेक्शन पर फीड भी कर दिए गए। उपभोक्ताओं को फर्जी यूनिटों पर भारी बिल भेजे गए। फिर उसे दुरुस्त करने के नाम पर वसूली का खेल हुआ। इससे बिजली विभाग को भी चपत लगी।

इनका हुआ निलंबन
संजीव कुमार सिंह, तत्कालीन एक्सईएन, विद्युत वितरण खंड प्रथम, सुल्तानपुर, लेसा सिस गोमती जोन-प्रथम से संबद्ध
सौरभ उपाध्याय, एसडीओ, विद्युत वितरण खंड-लंभुआ
प्रशांत कुमार गिरि, तत्कालीन एसडीओ, विद्युत वितरण खंड-प्रथम सुल्तानपुर
मो. नसीम, तत्कालीन जेई, विद्युत वितरण खंड-प्रथम, सुल्तानपुर
आनंद केशरी, तत्कालीन जेई, विद्युत वितरण खंड-लंभुआ
अमित श्रीवास्तव, तत्कालीन जेई, विद्युत वितरण खंड-प्रथम, सुल्तानपुर
करुणाकर मिश्रा, तत्कालीन जेई, विद्युत वितरण खंड-प्रथम, सुल्तानपुर
जमुना प्रसाद, तत्कालीन बाबू, विद्युत वितरण खंड-प्रथम, सुल्तानपुर
संतोष कुमार, तत्कालीन बाबू, विद्युत वितरण खंड-प्रथम, सुल्तानपुर

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