अपना दल कमेरावादी की राष्ट्रीय महासचिव मो. हाफिज मोबीन सोमवार को लखनऊ स्थित केंद्रीय कार्यालय पर आयोजित पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए कहा कि मोहम्मद अली जौहर विश्वविद्यालय एक प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थान है, जहां पर सभी धर्म संप्रदाय एवं वर्गों के हजारों छात्र-छात्राएं शिक्षा ग्रहण करते हैं।
गहरी राजनीतिक विद्वेष के कारण इस यूनिवर्सिटी के इमारत एवं भवनों को तथाकथित रूप से अवैध बताकर ध्वस्त करने का कुत्सित प्रयास किया जा रहा है। जिसकी अपना दल कमेरावादी कड़ी मुखालफत करता है।
युवा किसान महिला के जायज सवालों पर विफल और जनहित के खिलाफ बिजली बिल के नाम लूट, पेट्रोल में इथेनॉल के मिलावट, ध्वस्त होती शिक्षा व्यवस्था और पेपर लीक जैसे सवालों से घिरी एवं घबराई भाजपा सरकार अब हमेशा की तरह सांप्रदायिक ध्रुवीकरण करना चाहती है। चूंकि इस विश्वविद्यालय के बनाने में मोहम्मद आजम खान साहब का बहुत ही महत्वपूर्ण योगदान था, इसलिए इसे बर्बाद करके भाजपा सांप्रदायिक माहौल बनाना चाहती है।
जबकि यह एक शिक्षण संस्थान विश्वविद्यालय है, यह आजम खान साहब की कोई मकान या दुकान नहीं है।
शिक्षा व्यवस्था और पेपर लीक के सवाल पर घिरी भारतीय जनता पार्टी यदि इस विश्वविद्यालय शिक्षण संस्थान पर कोई भी कार्यवाही करती है तो वह आजम खान साहब के खिलाफ नहीं बल्कि भाजपा के शिक्षा विरोधी कार्यवाहियों की कड़ी में माना जाएगा। क्योंकि इससे सारे वर्गों के आने वाले हजारों छात्र-छात्राओं का पठन-पाठन एवं भविष्य प्रभावित होगा।
हम सरकार को यह सुझाव देते हैं कि शिक्षा पर हमला करने कि किसी भी कार्यवाही से उसे बचना चाहिए। इस विषय को लेकर आम जनता में जिस प्रकार की चर्चा है, सरकार को वोट बनाने का यह दांव उल्टा पड़ जाएगा।
हमारी मांग है कि कि सरकार को नकारात्मक राजनीति से हटकर रचनात्मक एवं सृजनात्मक कार्यों की तरफ आगे बढ़े। अन्यथा आने वाले समय में सर्व समाज की जनता जवाब देगी।
अगर शिक्षा के इस पवित्र स्थल पर कोई भी कार्यवाही किया जाता है तो अपना दल कमेरावादी छात्र युवाओं के साथ मिलकर सड़क पर उतरकर बृहद जन आंदोलन करेगा, जो सरकार को महंगा साबित होगा।
इससे पूर्व कार्यवाही हो ही ना, इसलिए इस नोटिस की सूचना पर ही हम सर्वसमाज की जनता के बीच में जाकर सघन अभियान चलाकर जनमत तैयार करेंगे। शिक्षण संस्थान को बचाने के लिए सड़क से न्यायालय तक लड़ेंगे। जनहित याचिका भी करेंगे।
पत्रकार वार्ता में प्रदेश अध्यक्ष डॉ सी एल पटेल और लखनऊ जनपद के जिलाध्यक्ष भी मौजूद रहे।
