cm yogi
-
उत्तर प्रदेश
योगी सरकार की ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति के तहत नकली दवा फैक्ट्री पर छापा, दो गिरफ्तार
देहरादून में संचालित फैक्ट्री से करीब एक करोड़ रुपये मूल्य की नकली दवाएं, पैकेजिंग सामग्री और आधुनिक मशीनरी बरामद लखनऊ…
Read More » -
उत्तर प्रदेश
आस्थावान बनने का ठेका ले रहे आस्था पर प्रहार करने वाले: सीएम योगी
सिक्सलेन फ्लाईओवर सहित गोरखपुर को 995 करोड़ रुपये के विकास कार्यों का उपहार दिया मुख्यमंत्री ने, 813.52 करोड़ रुपये की…
Read More » -
अधिकारियों से बोले सीएम- बर्दाश्त नहीं की जाएगी जन समस्याओं के निस्तारण में लापरवाही
गंभीर बीमारियों के इलाज में भरपूर मदद करेगी सरकार: मुख्यमंत्री जनता दर्शन में सीएम योगी आदित्यनाथ ने सुनीं 200 लोगों…
Read More » -
उत्तर प्रदेश
गुप्त नवरात्र में सीएम योगी ने मां पाटेश्वरी के किए दर्शन, बच्चों को बांटी चॉकलेट
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने किए मां पाटेश्वरी के दर्शन सीएम ने मां के चरणों में झुकाया शीश, स्वस्थ-समृद्ध उत्तर प्रदेश…
Read More » -
उत्तर प्रदेश
यूपी में 4 नए एक्सप्रेसवे प्रोजेक्ट को मंजूरी, 47 हजार करोड़ से मजबूत होगा एक्सप्रेसवे नेटवर्क
कैबिनेट निर्णय- 8 योगी कैबिनेट का मेगा इंफ्रास्ट्रक्चर फैसला चार नए एक्सप्रेसवे प्रोजेक्ट्स को मिली मंजूरी, यूपी का एक्सप्रेसवे नेटवर्क…
Read More » -
उत्तर प्रदेश
यूपी अग्निशमन सेवा को मिलेगी मजबूती, 49 नए वाटर-फोम टेंडर खरीद को मंजूरी
कैबिनेट निर्णय-7 अग्निशमन तथा आपात सेवा को अधिक प्रभावी बनाने के लिए 25.78 करोड़ रुपये के प्रस्ताव को मंजूरी 44…
Read More » -
उत्तर प्रदेश
यूपी आउटसोर्स सेवा निगम को मिलेगा 20 करोड़ का ब्याज मुक्त ऋण, कैबिनेट की मंजूरी
कैबिनेट निर्णय- 6 यूपी आउटसोर्स सेवा निगम को मिलेगा 20 करोड़ का ब्याजमुक्त ऋण 5 वर्षों तक निगम पर ऋण…
Read More » -
उत्तर प्रदेश
मुख्यमंत्री ग्राम परिवहन योजना से यूपी के ग्रामीण क्षेत्रों को मिली रफ्तार, गांवों तक पहुंच रही बस सेवा* *योगी सरकार ने 56 जिलों में 215 बसों का संचालन किया शुरू, योजना का तेजी से बढ़ रहा दायरा* *गांव से तहसील व जिला मुख्यालय तक आसान हुआ सफर, 4 महीने से कम समय में बड़ी उपलब्धि* *प्रयागराज में सबसे अधिक 43 बसें, अन्य जिलों में भी बढ़ाया जा रहा संचालन* *लखनऊ, 19 जुलाई।* सीएम योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेशवासियों की सहूलियत के लिए योजनाएं बनने से लेकर लागू होने तक की कार्यवाही तेजी से पूरी हो रही है। मुख्यमंत्री ग्राम परिवहन योजना इसका बड़ा उदाहरण बनकर सामने आई है। मार्च 2026 में योगी सरकार की कैबिनेट बैठक के दौरान इस योजना को मंजूरी मिली थी। चार महीने से भी कम समय में यूपी के 75 में से 56 जिलों को ग्रामीण मार्गों पर बस सेवा से जोड़ा जा चुका है। इसके साथ ही प्रदेश के हर गांव को बस सेवा से जोड़ने का काम युद्ध स्तर पर चल रहा है। मुख्यमंत्री ग्राम परिवहन योजना के माध्यम से उन गांवों और ग्रामीण मार्गों को बस सेवा से जोड़ा जा रहा है, जहां अब तक नियमित सार्वजनिक परिवहन की सुविधा उपलब्ध नहीं थी। योजना का उद्देश्य प्रदेश की सभी ग्राम पंचायतों को परिवहन सुविधा से जोड़ते हुए ग्रामीण जनता को ब्लॉक, तहसील व जिला मुख्यालय तक सुरक्षित एवं सुगम आवागमन उपलब्ध कराना है। साथ ही निजी बस संचालकों के सहयोग से उन मार्गों पर भी परिवहन सेवा शुरू की जा रही है, जहां उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (यूपीएसआरटीसी) की बसें सीमित संख्या में संचालित होती हैं। *56 जिलों में 215 बसों का संचालन* परिवहन विभाग के मुताबिक योजना के तहत अब तक 1,012 आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिनमें से 858 आवेदनों का चयन किया जा चुका है। वर्तमान में प्रदेश के 56 जनपदों में 215 मिनी बसों का संचालन शुरू हो चुका है, जिससे काफी संख्या में ग्रामीण परिवारों को सीधा लाभ मिल रहा है। सरकार व विभाग चरणबद्ध तरीके से योजना का विस्तार कर रहे हैं, ताकि प्रदेश के अंतिम गांव तक सार्वजनिक परिवहन की सुविधा पहुंच सके। *बस संचालन की जिलेवार स्थिति* योजना के अंतर्गत सबसे अधिक प्रयागराज में 43 बसों का संचालन शुरू हुआ है। इसके अलावा मुजफ्फरनगर में 27, झांसी में 19, मथुरा में 18, जौनपुर में 7, हापुड़ में 6, बांदा में 5, एटा में 5, मऊ में 4, जालौन में 4 व बलिया में 3 बसों का संचालन शुरू हो गया है। अन्य जिलों में भी बसों की संख्या तेजी से बढ़ाई जा रही है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों की कनेक्टिविटी लगातार मजबूत हो रही है। *ग्रामीण स्तर पर रोजगार का जरिया* मुख्यमंत्री ग्राम परिवहन योजना केवल आवागमन की सुविधा तक सीमित नहीं है, बल्कि यह ग्रामीण युवाओं के लिए नए रोजगार के अवसर भी सृजित कर रही है। इन मिनी बसों के संचालन में आवेदक समेत बस ड्राइवर, कंडक्टर को क्षेत्रीय आधार पर प्राथमिकता दी जा रही है। इससे ग्रामीण स्तर पर रोजगार भी मिलना शुरू हुआ है। *एनसीआर क्षेत्र में सीएनजी व इलेक्ट्रिक बसों को ही अनुमति* मुख्यमंत्री ग्राम परिवहन योजना के तहत उत्तर प्रदेश के 75 जिलों में 15 से 28 सीटों वाली डीजल, सीएनजी और इलेक्ट्रिक मिनी बसों का संचालन किया जाना है। इसमें अधिकतम 8 वर्ष पुरानी बसों को ही शामिल किए जा सकेगा। बसों के मॉडल और पंजीकरण वर्ष में एक वर्ष से अधिक का अंतर नहीं होगा। बस संचालन की अनुमति पहले 10 वर्षों के लिए होगी, जिसे बाद में 5 वर्ष तक बढ़ाया जा सकेगा। डीजल बसों की अधिकतम आयु 10 वर्ष, सीएनजी व इलेक्ट्रिक वाहनों की 15 वर्ष तय की गई है। एनसीआर क्षेत्र में केवल सीएनजी और इलेक्ट्रिक वाहन ही चलेंगे। *बस संचालन के लिए परमिट लेने में छूट* इस योजना के तहत प्राप्त सभी आवेदनों की जांच और पात्र आवेदकों का चयन जिलाधिकारी की अध्यक्षता में गठित समिति कर रही है। इस समिति में मुख्य विकास अधिकारी, सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी और सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक शामिल हैं। योजना के सुचारु संचालन, निगरानी और रखरखाव की जिम्मेदारी क्षेत्रीय प्रबंधकों को सौंपी गई है। वे हर महीने योजना की प्रगति की रिपोर्ट मंडलायुक्त को देंगे, ताकि कार्यों की नियमित समीक्षा हो सके। सरकार ने योजना को आसान और प्रभावी बनाने के लिए बस संचालन के लिए परमिट लेने की अनिवार्यता से भी छूट प्रदान की है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में परिवहन सेवा जल्द शुरू हो सके
योगी सरकार ने 56 जिलों में 215 बसों का संचालन किया शुरू, योजना का तेजी से बढ़ रहा दायरा गांव…
Read More » -
उत्तर प्रदेश
सड़क, विकास और समृद्धि की रफ्तार से आगे बढ़ रहा उत्तर प्रदेश: योगी आदित्यनाथ
मुख्यमंत्री ने जनपद बुलन्दशहर में बुलन्दशहर एवं सिकन्दराबाद विधानसभा क्षेत्रों की 574 करोड़ रु0 से अधिक लागत की 57 विकास…
Read More » -
उत्तर प्रदेश
बाबा साहेब के अस्थिकलश का स्थानांतरण नहीं
लखनऊ। बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर के अस्थिकलश को कहीं स्थानांतरित नहीं किया जा रहा है। यह जानकारी सोमवार को…
Read More »