Friday , November 29 2024

सभी पर्यटन स्थलों का संरक्षण पीपीपी मॉडल पर किया जायेगा -जयवीर सिंह

न्यूज ऑफ इंडिया (एजेन्सी)

प्रयागराज में वर्ष 2025 में महाकुम्भ के आयोजन से पहले प्रयागराज के सभी पर्यटन स्थलों को बुनियादी सुविधाओं से लैस करते हुए पर्यटकों को आकर्षित किया जायेगा। इसके साथ ही प्रयागराज तथा आसपास के महत्वपूर्ण पर्यटन स्थलों को श्रद्धालुओं एवं दर्शनार्थियों के लिए तैयार कराया जायेगा। इस प्रकार प्रयागराज को पर्यटन के हब के रूप में विकसित किया जायेगा।

यह जानकारी प्रदेश के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने आज यहां देते हुए बताया कि वर्ष 2025 में महाकुंभ के दौरान करोड़ों की संख्या में श्रद्धालुओं के आने की संभावना को देखते हुए पर्यटन विभाग अपनी तैयारियां शुरू कर दिया है। निर्माणाधीन योजनाओं को पूरा कराने के लिए तेजी से काम किया जा रहा है।

जयवीर सिंह ने बताया कि फाफामऊ में स्थित पुराने कर्जन ब्रिज को पिकनिक स्पॉट के रूप में विकसित किया जायेगा। इसके साथ ही द्वादश माधव रामा मंदिर, पंच कोसी परिक्रमा मार्ग एवं इसके अन्तर्गत आने वाले तमाम मंदिरों सहित धार्मिक, पौराणिक एवं पुरातात्विक महत्व के मंदिरों का सौन्दर्यीकरण कराया जायेगा। यह समस्त कार्य अक्टूबर 2024 तक पूरा कराने की रणनीति बनायी गयी है।

पर्यटन मंत्री ने बताया कि प्रयागराज सहित विभिन्न जिलों में देशी-विदेशी सैलानियों के लिए गाइड की व्यवस्था की जा रही है। इस प्रकार सभी धार्मिक, पौराणिक स्थलों का सौन्दर्यीकरण करके धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा दिये जाने की योजना बनायी गयी है। प्रयागराज, काशी, मथुरा, वृंदावन, अयोध्या, चित्रकूट, मिर्जापुर, कुशीनगर, गोरखपुर आदि के पर्यटन स्थलों पर कार्य चल रहा है। पर्यटन विभाग इन स्थलों को सजा-संवारकर इसकी देखरेख पीपीपी मॉडल पर करायेगा।