मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में मंगलवार को कालीदास मार्ग स्थित मुख्यमंत्री आवास पर कैबिनेट बैठक हुई। इसमें 16 महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। आधारभूत ढांचे के विस्तार, महिला सशक्तिकरण और उच्च शिक्षा से जुड़े कई बड़े फैसले लिए गए।
सरकार ग्रेजुएशन करने वाली छात्राओं को स्कूटी देगी। इसका फायदा उन छात्राओं को होगा, जिनके परिवार की सालाना आय 10 लाख रुपए तक होगी। स्कूटी हर विश्वविद्यालय और कॉलेज की टॉप 5% छात्राओं को ही मिलेगी।
मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने बताया कि उच्च शिक्षा विभाग के तीन प्रस्ताव पास हुए हैं। इसमें रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना, शोध पीठ स्थापना, महिला छात्रावास शामिल है। इसके लिए 400 करोड़ का बजट रखा गया है। करीब 50 हजार छात्राओं को लाभ मिलेगा।साथ ही पेट्रोल और हेलमेट भी सरकार देगी।
स्नातक उत्तीर्ण होना ही पात्रता होगी
योजना के तहत प्रदेश के सभी प्रकार के कॉलेजों की स्नातक अंतिम वर्ष की टॉप-5 छात्राएं पात्र होंगी। लाभ के लिए अभिभावकों की वार्षिक आय 12 लाख रुपये से कम होना जरूरी है। वहीं दिव्यांग, शहीद और निराश्रित परिवारों की छात्राओं को विशेष प्राथमिकता दी जाएगी। इन वर्गों के लिए केवल स्नातक उत्तीर्ण होना ही पात्रता होगी।
सरकार छात्राओं को पेट्रोल चालित स्कूटी के साथ पंजीकरण शुल्क, बीमा, आईएसआई प्रमाणित हेलमेट, आवश्यक एक्सेसरीज़ और पांच लीटर पेट्रोल भी उपलब्ध कराएगी। स्कूटियों की खरीद गवर्नमेंट ई-मार्केटप्लेस (GeM) पोर्टल के माध्यम से की जाएगी, ताकि पूरी प्रक्रिया पारदर्शी बनी रहे।
विधानसभा का आगामी सत्र 3 से 6 अगस्त तक
कैबिनेट ने उच्च शिक्षा विभाग के अंतर्गत शोध पीठ की स्थापना और महिला छात्रावासों के निर्माण के प्रस्तावों को भी मंजूरी दी। सरकार का कहना है कि इन निर्णयों से छात्राओं को उच्च शिक्षा में बेहतर अवसर मिलेंगे, वहीं नए एक्सप्रेसवे प्रदेश के औद्योगिक विकास, निवेश और क्षेत्रीय संपर्क को नई गति देंगे। साथ ही विधानसभा का आगामी सत्र 3 से 6 अगस्त तक आयोजित किया जाएगा।
