भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) में काम करने और देश के स्पेस मिशन का हिस्सा बनने का सपना देखने वालों के लिए गुड न्यूज है। अंतरिक्ष विभाग (DoS) और इसरो (ISRO) ने 746 अलग-अलग पदों पर भर्ती के लिए विज्ञापन जारी किया है।
दरअसल, इसरो में गहराते कर्मचारियों के संकट के बीच अंतरिक्ष विभाग ने 746 रिक्त पदों पर भर्ती प्रक्रिया शुरू की है। इसमें 336 स्थायी पदों के साथ-साथ 410 अप्रेंटिसशिप पद शामिल हैं।
स्थयाी भर्ती के लिए 336 पदों के लिए जारी विज्ञापन कुल 5,632 खाली पदों का 6% से भी कम हैं। यानी इससे कर्मचारियों की कमी को दूर करने में बहुत अधिक मदद नहीं मिलेगी। क्योंकि, स्थायी पदों पर निकली वैकेंसी में से कम से कम 43 पद बैकलॉग (पुराने खाली पड़े) पदों के लिए हैं।
किस पद के लिए कितनी वैकेंसी?
इसरो की वैकेंसी में वैज्ञानिकों और इंजीनियरों से लेकर प्रशासनिक स्टाफ और अप्रेंटिस तक के पद शामिल हैं। सबसे ज्यादा 92 पद साइंटिस्ट और इंजीनियर के हैं। इसमें सबसे अधिक सीटें इलेक्ट्रॉनिक्स की 34, मैकेनिकल की 26 और कंप्यूटर साइंस की 13 है।
इसके अलावा सिविल की 10, इलेक्ट्रिकल की 4, रेफ्रिजरेशन और एयर-कंडीशनिंग की 2, आर्किटेक्चर की 2 और फिजिकल रिसर्च लेबोरेटरी, अहमदाबाद में एक सिविल इंजीनियर के पद के लिए भर्ती निकली है।
मौजूदा अभियान का सबसे बड़ा हिस्सा ISRO सेंट्रलाइज्ड रिक्रूटमेंट बोर्ड के जरिए भरे जाने वाले 244 लेवल-4 एडमिनिस्ट्रेटिव पद हैं। इनमें 113 असिस्टेंट, 81 जूनियर पर्सनल असिस्टेंट, 22 अपर डिवीजन क्लर्क, 10 स्टेनोग्राफर, ऑटोनॉमस संस्थानों के लिए 17 असिस्टेंट और एक ऑटोनॉमस संस्थान के लिए जूनियर पर्सनल असिस्टेंट शामिल हैं।
अप्रेंटिसशिप के लिए 410 पद
यूआर राव सैटेलाइट सेंटर (URSC) बेंगलुरु में ग्रेजुएट और डिप्लोमा पास युवाओं के लिए 410 अप्रेंटिसशिप सीटें निकाली गई हैं, जहां उन्हें ट्रेनिंग के साथ मासिक स्टाइपेंड भी मिलेगा।
