केजीएमयू गैस्ट्रोलॉज विभागाध्यक्ष डा. सुमित रूंगटा ने बताया कि हेपेटाइटिस का इलाज नहीं कराए जाने पर लिवर कैंसर हो सकता है। इसकी वजह से लिवर में सूजन आती है। यह अनुवांशिक कारणों, वायरस, ऑटो इम्यून या विषैले तत्वों के कारण भी हो सकता है। यह बीमारी दूषित पानी, शराब और दवाओं के लंबे समय तक सेवन से, रक्त संक्रमण कीवजह से भी हो सकता है।यह ए, बी, सी,डी और ई आदि प्रकार का होता है। हेपेटाइटिस ए और ई दूषित पानी और भोजन के माध्यम से फैलता है जबकि हेपेटाइटिस बी और सी शरीर के संक्रमित द्रव्य जैसे संक्रमित खून सहित शरीर के अन्य तरल पदार्थों के संपर्क में आने से फैलताहै।
असुरक्षित यौन संबंध, संक्रमित सुई के उपयोग से भी यह फैलता है।
हेपेटाइटिस से बचाव –
– स्वच्छता का ध्यान रखें: हमेशा साफ-सफाई में ध्यान दें, खासकर हाथों को
साबुन और पानी से धोएं, और सही तरीके से सैनेटाइज करें
– हेपेटाइटिस बी से बचाव के लिए टीकाकरण करवाएं।
– सुरक्षित सेक्स करें। इंजेक्शन लगवाने के दौरान सावधानी बरतें अर्थात
डिस्पोजेबल सिरिंज का ही उपयोग करें।
– हेपेटाइटिस संक्रमण का टीकाकरण के द्वारा बचाव संभव है